प्रियंका ने CM योगी को पत्र लिखकर बॉर्डर से मजदूरों के लिए बसें चलाने की मांगी अनुमति


प्रियंका ने CM योगी को पत्र लिखकर बॉर्डर से मजदूरों के लिए बसें चलाने की मांगी अनुमति

लॉकडाउन के कारण देश के विभिन्न जगहों से प्रवासी मजदूरों का अपने गृह राज्य लोटने का सिलसिला लगातार जारी है. एक और जहां सरकार श्रमिकों को उनके घर पहुचाने के लिए स्पेशन ट्रेन चला रही है तो वहीं लाखों की संख्या में मजदूर मजबूरन पैदल ही अपने घर को लोट रहे है.  वहीं श्रमिकों के पैदल अपने घरों को लोटने के क्रम में देश के कई हिस्सों से सड़क दुर्घटना की खबरें भी सामने आ रही है.

 

ताजा मामला शनिवार का है जहां यूपी के औरैया में आज सुबह भीषण सड़क हादसा सामने आया  जिसमें 24 मजदूरों की जान चली गई तो वहीं इस इस घटना में कई लोग घायल भी हो गए है. इसी बीच कांग्रेस की वरिष्ठ नेता प्रियंका गांधी वाड्रा ने मजदूरों के मामले को लेकर यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ को एक पत्र लिखा है. कांग्रेस महासचिव प्रियंका गाधी वाड्रा का कहना है कि लाखों मजदूर अपने घरों को लौट रहे हैं. लेकिन उनके घर लौटने के लिए कोई इंतज़ाम नहीं किया गया है. दर्जनों मजदूर रोड एक्सीडेंट में मर चुके हैं तो बहुत से कोरोना वायरस की चपेट में आकर अपनी जान गवां चुके है.

 

साथ ही प्रियंका ने कहा ये लोग मजबूरी में ही पैदल घरों को लौट रहे हैं जो अत्यंत दुखदायी है. इसलिए हम सीएम यूपी से मांग करते हैं कि हमे गाज़ियाबाद और नोएडा बॉर्डर से 500-500 बसें चलाने की अनुमति दी जाए. इसका पूरा खर्च कांग्रेस पार्टी अपने खाते से उठाएगी. साथ ही उन्होने कहा कि हम अपने राष्टनिर्माता मजदूर को इस हाल में नहीं छोड़ सकते. गौरतलब है कि कोरोना वायरस के कारण देश में लॉकडाउन चल रहा है. काम ना मिल पाने के कारण प्रवासी मजदूरों को आर्थिक चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है और मजबूरन वे अपने घर लौट रहे है.

 

हालांकि केंद्र की मोदी सरकार भी लगातार मजदूरों की मदद के लिए स्पेशन ट्रेने चलाकर मजदूरों को उनके गृह राज्य पहुंचाने का काम कर रही है पर प्रवासी मजदूरों की एक बड़ी संख्या पैदल ही अपने घरों के लिए निकली है. मजदूरों के पैदल घर निकलने की तस्वीरे देश के कोने- कोने से सामने आ रही है. वहीं दूसरी और इसके साथ ही यूपी की योगी आदित्यनाथ सरकार द्वारा भी प्रवासी मजदूरों को राज्य वापस लाने का कार्य लगातार जारी है और अभी तक लाखों की संख्या में यूपी के प्रवासी मजदूर अपने घर लौट चुके है.

और पढ़ें »

खास आपके लिए

Senior Citizen Tiffin Seva

Viral अड्डा

  • news
  • news
  • news
  • news
-

बेबाक पत्रकार रवीश कुमार को मिला ‘रैमॉन मैगसेसे’ पुरस्कार


बेबाक पत्रकार रवीश कुमार को मिला ‘रैमॉन मैगसेसे’ पुरस्कार

हिंदी पत्रकारिता जगत में अपनी अलग पहचान बना चुके NDTV के रवीश कुमार को बेस्ट अवार्ड से सम्मानित किया गया है. ये अवार्ड 2019 के ‘रैमॉन मैगसेसे’ पुरस्कार से सम्मानित किया गया. इस अवार्ड को ‘रैमॉन मैगसेसे’ को एशिया का नोबेल पुरस्कार के नाम से जाना जाता है. यह पुरस्कार फिलीपीन्स के भूतपूर्व राष्ट्रपति रैमॉन मैगसेसे की याद में दिया जाता है.

आपको बता दें कि, सम्मान के लिए पुरस्कार संस्था ने ट्वीट कर बताया कि रवीश कुमार को यह सम्मान “बेआवाजों की आवाज बनने के लिए दिया गया है.” रवीश कुमार का कार्यक्रम ‘प्राइम टाइम’ ‘आम लोगों की वास्तविक, अनकही समस्याओं को उठाता है.” साथ ही प्रशस्ति पत्र में कहा गया की, ‘अगर आप लोगों की अवाज बन गए हैं, तो आप पत्रकार हैं.’ 

आपको बता दें कि, रवीश कुमार ऐसे छठे पत्रकार हैं जिनको यह पुरस्कार मिला है. इससे पहले अमिताभ चौधरी (1961), बीजी वर्गीज (1975), अरुण शौरी (1982), आरके लक्ष्मण (1984), पी. साईंनाथ (2007) को यह सम्मान मिल चुका है.

और पढ़ें »

खास आपके लिए

Senior Citizen Tiffin Seva

Viral अड्डा

  • news
  • news
  • news
  • news
-

28,000 और जवानों को कश्मीर में किया गया तैनात, हाई अलर्ट पर फोर्सेज


28,000 और जवानों को कश्मीर में किया गया तैनात, हाई अलर्ट पर फोर्सेज

हाल ही में जम्मू कश्मीर में 10,000 हजार अतिरिक्त जवानों की तैनाती के एक हफ्ते के भीतर बड़ा कदम उठाते हुए मोदी सरकार ने कश्मीर 28,000 और अतिरिक्त सुरक्षाबलों की तैनाती कर दिया है. इसके साथ ही सरकार ने सेना और वायुसेना को ऑपरेशनल अलर्ट पर रहने को कहा है.

जिसके चलते स्थानीय नागरिकों में पहचल शुरु हो गई है और लोगों ने तेजी से राशन पानी जुटाना शुरु कर दिया है. इस बीच राज्य के पूर्व सीएम उमर अब्दुल्ला ने सरकार के इस अप्रत्याशित कदम पर ट्वीट कर कहा कि “ऐसी कौन सी वर्तमान परिस्थिति है जिसके चलते केंद्र सरकार ने सेना और वायुसेना को ऑपरेशनल अलर्ट पर ऱखा हुआ है, निश्चित तौर पर यह मामला 35ए अथवा परिसीमन से जुड़ा नहीं हैं. अगर सच में इस तरह का कोई अलर्ट जारी किया गया है तो यह बिल्कुल अलग चीज है.”

खास बात यह है कि इन सभी सुरक्षाबलों की राज्य के अति संवेदनशील माने जाने वाले इलाकों में भारी मात्रा में तैनाती की गई हैं. इसके अलावा राज्य के सभी जगहों पर अर्धसैनिक बलों ने कब्जा कर लिया है और प्रदेश पुलिस सिर्फ प्रतीकात्मक बन कर रह गई है.

घाटी में इतनी अधिक मात्रा में सुरक्षाबलों की तैनाती को लेकर हमारे सूत्रों का कहना है कि सरकार 370 और 35ए को लेकर कुछ बड़ा करने की तैयारी कर रही है. हालांकि सरकार का कहना है कि सीमापार से आतंकवादी कश्मीर में बड़ा हमला करने की फिराक में हैं जिसके मद्देनजर किया है.

लेकिन राजनीति के जानकारों का मानना है कि सरकार यह सब ध्यान भटकाने के लिए कह रही है जबकि असल में सरकार कुछ अलग और बड़ा करने की तैयारी कर रही है.

और पढ़ें »

खास आपके लिए

Senior Citizen Tiffin Seva

Viral अड्डा

  • news
  • news
  • news
  • news
-

वायरल न्यूज़

×